Papa ke liye shayari
दोस्तों इस शायरी में एक बेटा अपने बचपन और पिता के प्यार को याद करते हुए अपने जवानी के दुख भरे दास्तां अपने पिता को सुनते हुए क्या कहता है, वो आपको आगे पढ़ने को मिलेगा, ये लाइन उस बेटे ने मजदूरी करते हुए लिखी थी अगर उसके शब्द आपके दिल को छु जाए तो like, comment करके अपना प्यार जरूर दिखाएँ |
Shayari for papa❤
Ki Ab Bada ho raha hun na ghar ki jimmedari bhi nibhana padta hai.
Dil me dard lekar bhi sabke samne mushkurana
Padta hai.
Pahle puri ho jati thi har khwahish sirf aapko batane par.
Ab dekho na papa khane ke liye bhi roj kamana padta hai.
// ...My Real hero is my paapa .........//
बाप और बेटा
कि अब बड़ा हो रहा हूं न घर की जिम्मेदारी भी निभाना पड़ता है।
दिल में दर्द लेकर भी सबके सामने मुस्कुराना पड़ता है.
पहले पूरी हो जाती थी हर ख्वाहिश सिर्फ आपको बताने पर।
अब देखो ना पापा खाने के लिए भी रोज़ कामना करता है।
// ...मेरे असली हीरो मेरे पापा हैं..........//
मुझे आपकी याद आती है पापा... आपसे बहुत प्यार करता हुँ ||

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